हरीश राजगुरु @hbraj.de1c1 Sep 2020
आजादी केवल तभी सार्थक हो सकती है, जब यह हमारी संस्कृति की अभिव्यक्ति का जरिया बनती है- पंडित दीनदयाल उपाध्याय #पंडित_दीनदयाल_जयंती