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@s.par.195d3

कहने को युवा है सब,
पर सबका खून पानी है,

मुट्ठी भर बूढ़ों के आगे
झुकी आज जवानी है,

भूल चुके है ये ताकत अपनी
जरा इन्हे कोई याद दिलाओ,

ओढ़कर तुम चोला बसंती
चलो राजीव दिक्षित बन जाओ

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